कुलदेवी की खोज कैसे करे | कुलदेवी की स्थापना और प्रसन्न कैसे करे

कुलदेवी की खोज कैसे करे | कुलदेवी की स्थापना और प्रसन्न कैसे करे – दोस्तों कुछ लोग होते है. जिन्हें उनके कुलदेवी के बारें में पता नही होता है. पता नही होने के कई कारण हो सकते है. जैसे कि वर्षो से परिवार के साथ नही रहने के कारण पता नही होता है. इसके अलावा और भी कई सारे कारण हो सकते हैं. कुलदेवी का पता नही होने के कारण उनकी पूजा नही हो पाती है. और इस कारण कई सारी समस्या घर मे पैदा होती हैं.

kuldevi-ki-khoj-kaise-kre-sthapna-prasann-puja-din (2)

दोस्तों क्या आपको भी नही पता हैं. कि आपकी कुलदेवी कौन है. तो आज हम आपको इस आर्टिकल के माध्यम से कुलदेवी की खोज कैसे करे यह जानने का उपाय बताने वाले हैं. तथा कुलदेवी का पता लगाने के बाद उनकी स्थापना कैसे करे. और उनको प्रसन्न करने का तरीका बताने वाले हैं. तथा कुलदेवी से जुड़ी सभी जानकारी आपको प्रदान करने वाले हैं.

कुलदेवी की खोज कैसे करे

कुलदेवी की खोज करने के लिए आपको नीचे दिए गए प्रयोग को करना हैं. इससे आपको अवश्य ही आपकी कुलदेवी की जानकारी मिल जाएगी.

कुलदेवी की खोज करने के लिए ग्यारह मंगलवार करे यह प्रयोग

इस प्रयोग की शुरुआत आपको शुक्लपक्ष के मंगलवार से करनी हैं. सबसे पहले स्नान आदि करके एक साबुत सुपारी ले. उसे स्नान करवाए और पाट पर स्थापित करे.

भूत से दोस्ती कैसे करे – जाने तिन सरल तरीके | भूत बुलाने का मंत्र

अब आप प्रार्थना करे हे हमारे कुल गोत्र के देवता, आप कौन हो आप कहा हो, इस बारें में मुझे पता नही है. इसके लिए में इस सुपारी में आपका आव्हाहन करता हूँ”. ऐसा तीन बार बोलकर सुपारी की पंचोंपचार पूजा करे. और घर के मंदिर में स्थापित करे.

रात के समय प्रार्थना करे

अब रात को फिर प्रार्थना करे हे हमारे कुल गोत्र के कुलदेवता आप कौन हो में आपको जानना चाहता हूं. कृपया मेरे सपने में आकर मुजे मार्गदर्शन प्रदान करे”. यह प्रार्थना करने के बाद सुपारी को अपने तकिये के नीचे रखकर सो जाए.

ग्यारह मंगलवार निरंतर प्रयोग करे

आपको ग्यारह मंगलवार तक यह क्रिया करनी हैं. मंगलवार के दिन आपको उपवास करना हैं. यह क्रिया करने से आपके कुलदेवता या देवी आपको सपने में आकर आपका मार्गदर्शन करेगे. तथा उनके स्थान के बारें में भी बताएंगे.

kuldevi-ki-khoj-kaise-kre-sthapna-prasann-puja-din (1)

मंगलावर के दिन जब यह क्रिया करे शुद्ध रहे. शुद्ध वस्त्र धारण करे. ब्रह्मचर्य का पालन करे. मांस मदिरा से दूर रहे. और श्रद्धा पूर्वक पुजा अर्चना करें.  यह करने से आपके वर्षो से भूली हुई कुलदेवी की समस्या का हल होगा. आपको आपकी कुलदेवी की जानकारी मिल जाएगी.

कुलदेवी की जानकारी मिलने के बाद उनकी स्थापना कैसे करे यह हमने आपको नीचे बताया हैं.

52 भैरव मंत्र | 64 जोगनी 52 भैरव मंत्र और नाम | 64 योगिनी शाबर मंत्र और विधि

कुलदेवी की स्थापना कैसे करे

कुलदेवी को सुबह के समय स्नान आदि करके उनकी तस्वीर अपने मंदिर में स्थापित करे. उन्हें देसी घी का दीपक जलाए, धूप, अगरबत्ती तथा कपूर जलाए. यह सभी करने के बाद प्रसाद का भोग लगाएं.

उन्हें चंदन और चावल का टीका अर्पित करे. ध्यान रहे कि चावल खंडित या टूटे हुए नही होने चाहिए. अब उन्हें शुद्ध पुष्प अर्पित करे. बस इस प्रकार से सुबह शाम पूजा अर्चना करे. और उनके समक्ष हाथ जोड़कर प्रार्थना करे.

सुन्दरकाण्ड के टोटके सरल और छोटे | सुन्दरकाण्ड का पाठ करने की विधि और नियम

कुलदेवी को कैसे प्रसन्न करे

कुलदेवी को प्रसन्न करने के लिए हमने जैसे ऊपर बताया उस प्रकार से उनकी पूजा श्रद्धा पूर्वक रोजाना करे.

कुलदेवी के स्थान पर जाकर भी उनकी पूजा करे. पूजा आदि करने के बाद कुछ दान करे तथा भूखे लोगो को भोजन कराये. उनके स्थान पर जाकर या फिर अपने ही घर साल भर या दो साल में हवन आदि कराये. यह सभी करने से देवी मां प्रसन्न रहती है. और उनका आशीर्वाद हमेशा आप पर और आपके परिवार पर बना रहता हैं.

kuldevi-ki-khoj-kaise-kre-sthapna-prasann-puja-din (3)

कुलदेवी की पूजा किस दिन करनी चाहिए

जिस तरह सभी देवी देवता की पूजा सुबह शाम करते हैं. उसी तरह कुलदेवी की पूजा भी सुबह शाम प्रतिदिन करनी चाहिए. प्रतिदिन घी का दीपक जलाकर पूजा करनी चाहिए.

मोर पंख से लड़का होने के उपाय क्या है जाने औषधि तैयार करनी की पूरी विधि

कुलदेवी हमारे कुल तथा गोत्र की देवी है. तो उन्हें रोजाना याद करना जरूरी है. उनकी पूजा अर्चना प्रतिदिन करने से घर मे सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती हैं. देवी माँ का आशीर्वाद हमेशा बना रहता है. और सभी समस्या का निवारण होता हैं.

निष्कर्ष

दोस्तों आज हमने आपको इस आर्टिकल के माध्यम से अपने कुल तथा गोत्र की कुलदेवी के बारे में खोज करने का आपको तरीका बताया है. साथ में हमने आपको बताया कि उनकी स्थापना कैसे करते है. और उन्हें प्रसन्न कैसे करते है.

तो पहले तो आप हमारे द्वारा बताया गया प्रयोग करे. जिससे आपको कुलदेवी के बारे में पता चलेगा. फिर उनकी स्थापना श्रद्धा पूर्वक करे. और उनको प्रसन्न करके उनके सामने जो भी अभी तक भूल चूक हुई है माफी मांगे. इससे आपकी कुलदेवी प्रसन्न होगी और आप पर हमेशा उनका आशीवार्द बनाये रखेगे.

दुकान खोलते समय कौन सा मंत्र बोलना चाहिए | व्यापार बंधन खोलने के उपाय

Shree ram raksha stotra in hindi mein lyrics PDF Download free

Hanuman chalisa hindi me likha hua / likhit main PDF download

दोस्तों हम आशा करते है. आपको हमारा यह आर्टिकल कुलदेवी की खोज कैसे करे | कुलदेवी की स्थापना और प्रसन्न कैसे करे अच्छा लगा होगा. और आपको उपयोगी साबित हुआ होगा. धन्यवाद